15 साल पुराने राजस्व प्रकरण में सुनवाई तेज, अनुविभागीय अधिकारी ने जारी किया सार्वजनिक इश्तहार
अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) न्यायालय, चौरई द्वारा एक पुराने राजस्व प्रकरण में संबंधित पक्षों को उपस्थित होने के लिए सार्वजनिक इश्तहार जारी किया गया है। जारी सूचना के अनुसार यह मामला वर्ष 2010-11 से जुड़े राजस्व प्रकरण क्रमांक 0023/अ-6/2010-11 से संबंधित है, जिसमें पूर्व में पारित आदेश के विरुद्ध आवेदन प्रस्तुत किया गया है।
न्यायालय से जारी इश्तहार में बताया गया है कि आवेदिका श्रीमती अनुसुइया बाई द्वारा मध्यप्रदेश भू-राजस्व संहिता, 1959 की धारा 44 के अंतर्गत आवेदन प्रस्तुत किया गया है। मामले की सुनवाई वर्तमान में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) न्यायालय, चौरई में लंबित है।
इश्तहार के माध्यम से प्रकरण से जुड़े उत्तरवादियों एवं संबंधित पक्षों को सूचित किया गया है कि वे निर्धारित तिथि पर न्यायालय में उपस्थित होकर अपना पक्ष प्रस्तुत करें। न्यायालय ने स्पष्ट किया है कि यदि किसी व्यक्ति को उक्त मामले के संबंध में कोई दावा, आपत्ति अथवा पक्ष रखना है तो वह स्वयं अथवा अपने अधिकृत अधिवक्ता के माध्यम से निर्धारित तिथि पर उपस्थित होकर अपनी बात रख सकता है।
न्यायालय द्वारा जारी सूचना के अनुसार मामले की अगली सुनवाई 29 जून 2026 को निर्धारित की गई है। साथ ही यह भी कहा गया है कि निर्धारित तिथि तक कोई दावा या आपत्ति प्रस्तुत नहीं किए जाने की स्थिति में उपलब्ध अभिलेखों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा सकती है।
प्रशासन ने संबंधित पक्षों तक सूचना पहुंचाने के लिए इश्तहार की प्रति सार्वजनिक स्थानों पर चस्पा करने तथा समाचार पत्र में प्रकाशन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है, ताकि किसी भी पक्ष को जानकारी के अभाव का सामना न करना पड़े।
